रविवार, 23 सितंबर 2012

भारत में, बाल्मार्ट का प्रखर विरोध हो


 बालमार्ट  जैसे संस्थान भारत में इस लिए अधिक खतरनाक हें की वे यहाँ की बिकाऊ राजनीति  के सहारे अपने हित ही नहीं साधेंगे बल्कि ईसाई मिस्नरीज के हितों के लिए भी काम  करेंगी । भारतीय  संस्कृति की रक्षा के लिए अनिवार्य हे कि बाल्मार्ट का प्रखर विरोध हो।।।।।।।।।।।

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दैनिक भास्कर का समाचार 23 सितम्बर 2012 के अंक में 

अमेरिका की यह मल्टीनेशनल रिटेलर कंपनी- १९६२ में शुरू हुई, संस्थापक थे- सैम वॉल्टन।
बायोग्राफी की बात सुनते ही जवाब देते-वक्त नहीं है,८५०० स्टोर्स दुनियाभर में,२० लाख कुल कर्मचारियों की संख्या,१५ देशों में ५५ अलग अलग नामों से कर रही कारोबार
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पर न्यूयॉर्क में आज तक एक भी स्टोर नहीं खोल पाई दुनिया की सबसे बड़ी रिटेलर कंपनी
...पर न्यूयॉर्क में आज तक एक भी स्टोर नहीं खोल पाई दुनिया की सबसे बड़ी रिटेलर कंपनी

न्यूयॉर्क | रिटेल क्षेत्र की दिग्गज कंपनी वॉलमार्ट १२ से १८ महीनों में भारत में रिटेल स्टोर खोल सकती है। कंपनी जल्द ही उन राज्यों की अनुमति लेगी जिन्होंने अपने यहां प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अनुमति देने की इच्छा जताई है। कंपनी के एशिया वाइस प्रेसीडेंट और सीईओ स्कॉट प्राइस ने यह जानकारी वॉल स्ट्रीट जर्नल को एक इंटरव्यू में दी है। उन्होंने कहा कि इसके लिए कुल मिलाकर दो साल का समय पर्याप्त होगा, लेकिन कंपनी ने अभी यह तय नहीं किया है कि वह भारत में कितने स्टोर खोलना चाहेगी। वॉलमार्ट को मौजूदा साझेदार भारती एंटरप्राइजेस के साथ कारोबार जारी रहने की उम्मीद है। वॉलमार्ट इस समय भारत में इसके साथ १७ थोक स्टोर्स चला रही है। अब तक 10 राज्यों ने अपने यहां विदेशी रिटेल स्टोर खोलने की इजाजत देने की मंशा जताई है। इनमें राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, जम्मू कश्मीर, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, असम, आंध्रप्रदेश तथा दमन और दीव, दादरा नागर हवेली शामिल हैं।
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न्यूयॉर्क में प्रदर्शन करते लोग। 'वालमार्ट फ्री एनवायसी' के प्रवक्ता स्टेफनी याज्की ने कहा- वॉलमार्ट का पीछे हटना इसका सबूत है कि न्यूयॉर्क के लोग नहीं चाहते कि दुनिया की सबसे अमीर रिटेलर उनके घर के पास आए।
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वॉलमार्ट का भले ही दुनिया में बड़ा दबदबा हो, लेकिन अमेरिका तक में यह सिर्फ छोटे शहरों तक सीमित है, अमेरिका के भी बहुत कम बड़े शहरों में वॉलमार्ट मौजूद है। वॉलमार्ट के अमेरिका में कुल ४००० स्टोर हैं, लेकिन दिलचस्प यह है कि न्यूयॉर्क और वाशिंगटन डीसी की शहरी सीमा में कंपनी का एक भी स्टोर नहीं है। मैरीलैंड और वर्जिनिया की उपनगरीय सीमा के ४० किमी के दायरे में हालांकि कंपनी के कई स्टोर्स हैं। वॉलमार्ट की नजरें अब न्यूयॉर्क और वाशिंगटन पर हैं। कंपनी यहां २०,००० वर्ग फीट जैसी छोटी जगह पर भी स्टोर खोलने को तैयार हैं। उल्लेखनीय है कि वालमार्ट के सामान्य स्टोर का दायरा भी करीब १.९५ लाख वर्ग फीट तक का होता है। वाशिंगटन में वॉलमार्ट साल के अंत तक छह स्टोर्स खोलना चाहती है।
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वॉलमार्ट सबसे पहले रख सकती है कदम

निवेदिता मुखर्जी / नई दिल्ली September 16, 2012

http://hindi.business-standard.com 
विश्व की सबसे बड़ी खुदरा शृंखला वॉलमार्ट अपने सुपरमार्केट फॉर्मेट के साथ भारत में कदम रखने वाली संभवत: पहली अंतरराष्ट्रीय कंपनी होगी। करीब 446 अरब डॉलर के कारोबार वाली अमेरिकी कंपनी वॉलमार्ट भारत में अपने 195 स्टोरों के नेटवर्क के साथ कारोबार शुरू करने के लिए तैयार है। उसे भारती एंटरप्राइजेज के साथ अपने बैक-एंड और कैश ऐंड कैरी साझेदारी को महज फ्रंट एंड रिटेल  में बदलना होगा।

भारती की खुदरा शृंखला ईजी डे देश में विभिन्न फॉर्मेट के तहत 195 स्टोरों का संचालन करती है। वॉलमार्ट ने 2006 में भारती के साथ मिलकर संयुक्त उद्यम की स्थापना की थी ताकि भारतीय समूह के रिटेल स्टोरों को बैक-एंड सुविधा मुहैया कराने के साथ-साथ कैश ऐंड कैरी या थोक आउटलेटों की स्थापना की जा सके। अब सरकार ने बहुब्रांड खुदरा में 51 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की मंजूरी दे दी है जिससे फ्रंट एंड रिटेल स्टोरों में वॉलमार्ट के निवेश का रास्ता साफ हो गया है। हालांकि यह राज्य सरकारों पर छोड़ दिया गया है कि उनके राज्य में खुदरा क्षेत्र में एफडीआई निवेश की अनुमति होगी या नहीं।

कुल 195 ईजी डे आउटलेटों में से 47 आउटलेट उन राज्यों (उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश) में स्थित हैं जो बहुब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई का विरोध कर रहे हैं। साथ ही, 69 स्टोर पंजाब में हैं जहां अकाली दल और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की गठबंधन सरकार सत्ता में है। हालांकि बहुब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई निवेश के मुद्दे पर पंजाब सरकार ने अभी कोई निर्णय नहीं लिया है, लेकिन माना जा रहा है कि वह इस मुद्दे पर जल्द ही 'हां' कह देगी।

राज्य सरकारों के निर्णय के अलावा बहुब्रांड खुदरा कंपनियों को शहर की न्यूनतम आबादी का ध्यान रखना होगा। सरकार ने कहा है कि कम से कम 10 लाख आबादी वाले शहर में एक स्टोर होना चाहिए। साथ ही उसके आसपास 10 किलोमीटर के दायरे में नगरपालिका या शहरी आबादी होनी चाहिए। भारती समूह ने अपने स्टोर वाले शहरों के बारे में कोई विशेष जानकारी उपलब्ध नहीं कराई, लेकिन यह सही है कि ईजी डे 100 से अधिक शहरों में अपने स्टोरों का संचालन करती है और उनमें कई शहरों की आबादी 10 लाख से अधिक है। भारती एंटरप्राइजेज के वाइस चेयरमैन और प्रबंध निदेशक राजन भारती मित्तल ने बिजनेस स्टैंडर्ड के साथ बातचीत में कहा कि ईजी डे संभवत: सबसे पहले खुदरा कारोबार के लिए संयुक्त उद्यम होगी और इस संदर्भ में दोनों पक्ष जल्द ही समझौते पर हस्ताक्षरण करेंगे।

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