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नरेंद्र मोदी : मत्रियों के सामने रखी अपनी विशलिस्ट

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  नरेंद्र  मोदी ने मत्रियों के सामने रखी अपनी विशलिस्ट Prabhat Khabar , Jul 22 2014 नयी दिल्लीः अच्छे दिनों के वादे से मिली अप्रत्याशित जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन वादों को न सार्थक करने में लगे हैं. अब आम लोग मोदी के उन वादों को याद कर रहे हैं जिसे मोदी ने अपने चुनावी सभा में और पार्टी ने अपने घोषणापत्र में किया था. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दिशा में कदम बढ़ाते हुए अपने मंत्रियों को 17 प्वाइंट की विशलिस्ट सौंपी है. मोदी की 10 जुलाई को मंत्रियों को सौंपी गयी इस लिस्ट में कई ऐसी योजनाएं है जिसके लागू होने पर जनता बेहद खुश होगी. सरकार भी 100 दिनों के पूरे होने पर जनता को खुश करना चाहती है ऐसे में मोदी की विशलिस्ट पर मंत्रीगण कितना ध्यान देते है कबतक प्रधानमंत्री की इच्छाओं को पूरा करते हैं. यह देखने योग्य होगा.  मोदी  ने इस लिस्ट में जिन मांगों को रखा है उसमें महत्वपूर्ण रुप से पूरे देश में लोकल कॉल के बराबर एसटीडी कॉल रेट करना, सभी मामलों में टेंडर के लिए ई टेंडरिंक व्यवस्था लागू करना, सभी विभागों में लोक सेवा गारंटी के तहत कामकाज, सभी जिलों में हेल्थ नॉले

न्यायपालिका : क्या काटजू के सवालों के जबाव लाहोटी देंगे ?

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न्यायपालिका माने या ना  माने , गड़बड़ तो है ! पूरी कार्यप्रणाली पर गहरी जाँच और सुधार के तथ्य तय होने चाहिए । मार्कंडेय काटजू ने आरसी लाहोटी से पूछे छह अहम सवाल नई दिल्ली, एजेंसी 22-07-2014 http://www.livehindustan.com संप्रग सरकार के समय भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे एक न्यायाधीश को पद पर बने रहने देने को लेकर देश के तीन प्रधान न्यायाधीशों के अनुचित समझौते करने का आरोप लगाने वाले उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश मार्कंडेय काटजू ने आज इनमें से एक पूर्व प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) आरसी लोहाटी के समक्ष इस मुद्दे पर छह सवाल खड़े किए।   काटजू ने सवाल किया कि क्या अतिरिक्त न्यायाधीश के खिलाफ प्रतिकूल आईबी रिपोर्ट मिलने के बाद तत्कालीन प्रधान न्यायाधीश लाहोटी ने तीन न्यायाधीशों वाले उच्चतम न्यायालय के कोलेजियम की बैठक नहीं बुलाई थी जिसमें वह खुद, न्यायमूर्ति वाईके सबरवाल और न्यायमूर्ति रूमा पाल शामिल थे तथा आईबी रिपोर्ट पर गौर करते हुए कोलेजियम ने भारत सरकार से अतिरिक्त न्यायाधीश का दो साल का कार्यकाल नहीं बढ़ाने की सिफारिश की थी। भारतीय प्रेस परिषद के अध्यक्ष का