संदेश

छात्र, नौकरी और बेरोजगारी

1- राहुल गांधी की भारत में स्कूली और कॉलेज स्तर की शिक्षा दिल्ली और देहरादून में हुई है। उन्होंने नई दिल्ली के [सेंट कोलंबा स्कूल] और देहरादून के दून स्कूल से अपनी प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त की। [1, 2]  इसके बाद, उच्च शिक्षा के लिए उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के सेंट स्टीफंस कॉलेज में दाखिला लिया था और एक साल तक इतिहास की पढ़ाई की। सुरक्षा कारणों के चलते उन्हें अपनी आगे की पढ़ाई अमेरिका और ब्रिटेन से पूरी करनी पड़ी।  ======1======= 2- भारत में माध्यमिक स्तर (कक्षा 9 और 10) तक कुल सरकारी विद्यालयों की संख्या लगभग 10.13 लाख है, जिसमें प्राथमिक से लेकर माध्यमिक स्तर के सभी सरकारी स्कूल शामिल हैं। शिक्षा मंत्रालय के नवीनतम [UDISE+ (2024-25)](https://dashboard.udiseplus.gov.in/) आंकड़ों के अनुसार, देश की पूरी स्कूली शिक्षा प्रणाली में कुल 24.69 करोड़ विद्यार्थी नामांकित हैं। [1, 2, 3, 4]  सरकारी विद्यालयों और विद्यार्थियों से जुड़े मुख्य आंकड़े इस प्रकार हैं: ## 📊 विद्यालय और विद्यार्थियों की कुल स्थिति *  * कुल सरकारी विद्यालय: भारत के कुल 14.71 लाख स्कूलों में से 10.13...

राहुल गांधी की री-लॉन्चिंग फ्लॉप, छात्र संवाद कार्यक्रम भय और भ्रम उत्पन्न करने तक सीमित रहा — अरविन्द सिसोदिया

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राहुल गांधी की री-लॉन्चिंग फ्लॉप, छात्र संवाद कार्यक्रम भय और भ्रम उत्पन्न करने तक सीमित रहा — अरविन्द सिसोदिया एक बहुत पुरानी लोकप्रिय फिल्म "मेरा नाम जोकर" अब बहुत कम लोगों को ध्यान में होगी, किंतु यह एक असफल व्यक्ति की भावुक कहानी थी। उसका एक गाना “जीना यहां, मरना यहां, इसके सिवाय जाना कहां” आज भी लोगों के जेहन में है। यही स्थिति कांग्रेस के राजकुमार राहुल गांधी की है। भारत के सबसे बड़े और सबसे सफल राजनैतिक परिवार में उनका जन्म हुआ, जन्म के साथ ही उन्हें प्रधानमंत्री पद का अधिकारी मान लिया गया, किंतु अभी तक यह पद उन्हें जनता से नहीं मिला। अब 2029 का लोकसभा चुनाव सामने है और इसी संदर्भ में उनकी री-लॉन्चिंग पार्टी द्वारा की गई है। भले ही बहाना नीट परीक्षा पेपरलीक और छात्र संवाद का रहा हो, किंतु असली कहानी राहुल गांधी को पुनः सबसे बड़े नेता के रूप में जनता के बीच री-लॉन्च करने की है और इसके पीछे मूल मकसद 2029 का आम चुनाव ही है। हालांकि राहुल गांधी के जो भी कार्यक्रम, योजनाएं और वक्तव्य होते हैं, उनके पीछे बहुत सारे विदेशी दिमाग , छवि निर्माण करने वाली कंपनियां...

परिवारवादी हिटलरशाही से मोहभंग, राष्ट्रप्रथम के विचार से जुड़ रहे विपक्ष के जनप्रतिनिधि — अरविन्द सिसोदिया

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प्रेस विज्ञप्ति / आलेख  राष्ट्रवादी चेतना के उदय और परिवारवादी राजनीतिक क्षरण का दौर - अरविन्द सिसोदिया  परिवारवादी हिटलरशाही से मोहभंग, राष्ट्रप्रथम के विचार से जुड़ रहे विपक्ष के जनप्रतिनिधि — अरविन्द सिसोदिया पश्चिम बंगाल में तृण मूल कांग्रेस की करारी हार और इसके बाद तृण मूल कांग्रेस सहित कुछ विपक्षी दलों के सांसदों के द्वारा दल बदलना या नया दल खड़ा किया जाना देश में मुख्य चर्चा का विषय है। इससे पहले भी शिव सेना और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी में टूट हुई थी और पीछे चलें तो कांग्रेस से भी आधा दर्जनबार टूट के अन्य दल बनें हैँ। इसे सिर्फ खरीद फरोख्त के नजरिये से ही देखना वास्तविकता को नकारने जैसा होगा । क्योंकि सत्य यह है कि सक्रिय जनप्रतिनिधियों पर जनभावनाओं और कार्यकर्ताओं की संतुष्टी और भविष्य का भी भारी दबाब रहता है जिसे कोई भी सजग जनप्रतिनिधि नकार नहीं सकता। आने वाले कल को दृष्टिगत रखते हुये भी विपक्ष के जनप्रतिनिधि अपने निर्णय ले रहे हैँ, इसके लिए वे स्वतंत्र भी हैँ। राष्ट्र प्रथम की चेतना और बदलता राजनीतिक परिदृश्य भारत की राजनीति आज एक गहरे वैचारिक परिवर्तन ...

कविता - आपातकाल का कलंक कहता...

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आपातकाल का कलंक कहता... - अरविन्द सिसोदिया  9414180151 आपातकाल का कलंक कहता, कांग्रेस जिसे कहते वह संविधान की हत्यारी है, अंग्रेजों जैसी अत्याचारी, मुस्लिम लीग सी विभाजनकारी है, सत्ता के लिए दमन और हनन की खेलती पारी है। आपातकाल का कलंक कहता... =====1===== पच्चीस जून की काली रात , लोकतंत्र पर छायी थी, स्वतंत्रता की ज्योति बुझाने सत्तासीन इंदिरा स्वयं आयी थी। निर्दोषों की गिरफ्तारियाँ,कलम पर पहरेदारी थी, सत्य बोलना अपराध बना, जनता लाचार बेचारी थी। आपातकाल का कलंक कहता... =====2===== जेलों में भर दिए गए थे जननायक और रखवाले, लोकनायक के स्वर को रोका, बंद हुए सब उजियाले। अटल, आडवाणी, जॉर्ज सहित कितनों की बारी थी, लोहे की सलाखों के पीछे, बली लोकतंत्र की दी जाती थी। आपातकाल का कलंक कहता... =====3===== अखबारों की हर पंक्ति पर शासन का पहरा बैठा था, काला सच छुप जाता था और झूठ सुनहरा लगता था। सेंसरशिप के तीखे पंजे, अभिव्यक्ति पर भारी थे, जन-जन के अधिकार सभी तब सत्ता ने ही मारे थे। आपातकाल का कलंक कहता... =====4===== नसबंदी के नाम चलाया भय और बल का अभियान, गरीबों की पीड़ा सुनने को ब...

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005

सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 प्रथम अपील का प्रारूप (धारा 19(1) के अंतर्गत) सेवा में, प्रथम अपीलीय अधिकारी / अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एसडीएम कार्यालय, गुना, जिला - गुना (मध्य प्रदेश) विषय: सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 की धारा 19(1) के तहत प्रथम अपील। संदर्भ: मूल आरटीआई आवेदन दिनांक:   1. अपीलकर्ता (आवेदक) का विवरण: नाम - अरविन्द सिंह सिसोदिया पिता - स्व भूपेंद्र सिंह सिसोदिया  ( मूलनिवासी - ग्राम मोड़का )  हाल मुकाम - बेकरी के सामने, राधाकृष्ण मंदिर रोड़,डडवाडा,  कोटा जंक्शन पिन 324002 राजस्थान। मोबाईल - 9414180151 2. लोक सूचना अधिकारी (PIO) का विवरण: पदनाम एवं कार्यालय:  कार्यालय तहसीलदार, बमोरी, जिला गुना (म.प्र.) 3. मूल आरटीआई आवेदन की तिथि:  दिनांक 16/5/2026 को स्पीडपोस्ट से प्रेषित की जो तहसील बमोरी जिला गुना के कार्यालय में दिनाँक 26/5/2026 को डिलेवर्ड हो गईं। 4. तय समय-सीमा 30 दिन की समाप्त होने की तिथि:  तहसील बमोरी जिला गुना की पहुंच दिनांक 26/5/2026 से 30 दिन 26/6/2026 को तय समय सीमा समाप्त हो गईं। 5. अपील का कारण -   क - निर्धारि...

टूलकिट : केवल अपनी राजनीतिक री-लॉन्चिंग का हिस्सा है।

कोटा में राहुल गांधी के 'छात्र संवाद' और 'महारैली' कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इस स्थिति को अलग-अलग दृष्टिकोणों से इस प्रकार समझा जा सकता है:  ## 1. भारतीय जनता पार्टी (BJP) और विरोधियों का दृष्टिकोण  भारतीय जनता पार्टी और आलोचकों द्वारा इस दौरे के विरोध में निम्नलिखित तर्क दिए जा रहे हैं: *  * राजनीतिक ड्रामा और पाखंड: बीजेपी नेताओं (जैसे सुनील बंसल और राजेंद्र राठौड़) का आरोप है कि राहुल गांधी का यह दौरा केवल एक "राजनीतिक नाटक" है। उनका कहना है कि जब राजस्थान में कांग्रेस की गहलोत सरकार थी, तब कई भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक हुए थे, लेकिन तब कांग्रेस ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया।  * गलत टाइमिंग का विरोध: 21 जून को नीट (NEET) की पुनर्परीक्षा होनी तय है। विरोधियों का तर्क है कि परीक्षा से ठीक 4 दिन पहले ऐसी राजनीतिक रैलियां आयोजित करना छात्रों की पढ़ाई और एकाग्रता को बाधित करता है।  * कोटा का गलत इस्तेमाल: आलोचकों का मानना है कि नीट पेपर लीक मामलों में कोटा का कोई सीधा संबंध या संलिप्तता नहीं रही है, फिर भ...

राजेन्द्र राठौड़, पूर्व नेता प्रतिपक्ष, राजस्थान विधानसभा

राजेन्द्र राठौड़, पूर्व नेता प्रतिपक्ष, राजस्थान विधानसभा कोटा में प्रेस कॉन्फ्रेंस के मुख्य बिन्दु – दिनांक 16 जून 2026 मैं आज विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बयान कि “देश में होने वाला हर पेपर लीक, रद्द परीक्षा और रुकी हुई भर्ती व्यवस्था की विफलता नहीं, बल्कि लाखों युवाओं के सपनों पर प्रहार है इसलिए छात्र अपनी आवाज बुलंद करें”, से सहमति व्यक्त करता हूँ। कथित परीक्षा अनियमितताओं के खिलाफ राहुल गांधी विभिन्न शहरों में छात्र सम्मेलनों को संबोधित करेंगे जिसकी शुरुआत वे 17 जून को देश के सबसे बड़े कोचिंग हब कोटा से कर रहे हैं। इसके बाद 10 जुलाई को प्रयागराज, 11 जुलाई को पटना व 14 जुलाई को दिल्ली में कार्यक्रम करेंगे। मैं राहुल जी को कहना चाहूँगा कि – > बहुत देर से दर पे आँखें लगी थीं हुज़ूर आते-आते बहुत देर कर दी मसीहा तूने बीमार-ए-ग़म की दवा लाते-लाते बहुत देर कर दी राहुल जी, विगत कांग्रेस शासन के समय राजस्थान के युवाओं के साथ अन्याय तब हुआ जब यहाँ पेपर लीक माफिया सक्रिय थे। आज सरकार कार्रवाई कर रही है तब राजनीतिक पर्यटन के लिए कोटा पहुँचना युवाओं के घाव...

प्रधानमंत्री मोदीजी के नेतृत्व में भारत विश्व की अग्रणी शक्ति बन रहा है -सुनील बंसल

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प्रेस विज्ञप्ति -1 / पत्रकारवार्ता  प्रधानमंत्री मोदीजी के नेतृत्व में भारत विश्व की अग्रणी शक्ति बन रहा है -सुनील बंसल कोटा 16 जून। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री सुनील बंसल नें मंगलवार को मीडिया संवाद में पत्रकारावार्ता संबोधित करते हुये प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदीजी के बारह वर्षों की उपलब्धियों पर विस्तार से प्रकाश डाला और इसे देश उत्थान और विकास के साथ साथ राष्ट्रीय स्वाभिमान के नवोदय का ऐतिहासिक कालखंड बताया, वहीं कहा कि प्रधानमंत्री मोदीजी के नेतृत्व में भारत विश्व की अग्रणी शक्ति बन रहा है। इस दौरान मंच पर शिक्षा एवं पंचायती राज्य मंत्री मदन दिलावर, ऊर्जा राज्य मंत्री हीरालाल नागर, विधायक संदीप शर्मा, विधायक श्रीमती कल्पना देवी, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष छगन माहुर, भाजपा मीडिया विभाग की कोटा संभाग प्रभारी श्रीमती ज्योति खंडेलवाल, भाजपा जिला प्रभारी अजीत मेहता, शहर जिलाध्यक्ष राकेश जैन, पूर्व विधायक श्रीमती चन्द्रकान्ता मेघवाल, कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक रघुनाथ नरेडी अग्रवाल,कोटा शहर सह प्रभारी स्नेहा कंबोज  मौजूद रहे। वार्ता का संचालन अरविन्द सिसोदि...

कोटा संभाग मीडिया

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संभाग प्रभारी - श्रीमती ज्योति जी खंडेलवाल 88754 44000 संभाग संयोजक - अरविन्द सिसोदिया 9414180151  1- कोटा शहर जिला प्रभारी - तन्मय जी शर्मा 96496 00006 2- कोटा देहात जिला प्रभारी - शलेश कौशिक 94133 09977 3- बारां जिला प्रभारी - पंकज मेहता 94141 87814 4- बूँदी जिला प्रभारी - शिवांगी सिकरवार 74130 00264 5- झालावाड़ जिला प्रभारी - मदन प्रजापत 96729 87799 ======= प्रदेश प्रवक्ता  1- पंकज मेहता 9414187814 2- लोकेन्द्र सिंह राजावत 9414100911 3- शिवांगी सिकरवार 7413000264 मोर्चो में  1- युवा मोर्चाआईटी में   प्रदेश संयोजक नमन शर्मा  70232 79935 2- युवा मोर्चा में  प्रदेश प्रवक्ता राहुल सिकरवार  8440837565 3- महिला मोर्चा में  प्रदेश प्रवक्ता रजनी सोनी 6350020814 इटावा  4- अनुसूचित जाती मोर्चा  प्रदेश प्रवक्ता बाबूलाल वर्मा बूँदी  आई टी गौरव गढ़वाल 9549172033 5- रजनीश राणा सोसल मीडिया संभाग प्रभारी 98282 75532 6- मयंक सेठी  ====== 1- जिला कोटा शहर - 13 प्रवक्ता:----- श्री प्रणय दुबे – 9829390009 श्री अशोक जैन – 98296184...