परिवारवादी पार्टियों में टूटन और आंतरिक कलह की परंपरा का जन्म कांग्रेस से ही हुआ है
भारत में परिवारवाद, आंतरिक कलह और उत्तराधिकार (Succession) की जंग के कारण कई बड़ी क्षेत्रीय पार्टियों में ऐतिहासिक विभाजन हुए हैं। मुख्य रूप से चाचा-भतीजे, भाई-भाई या पिता-पुत्र के बीच वर्चस्व की लड़ाई इन टूटों की वजह बनी है। ऐसी प्रमुख घटनाओं की सूची नीचे दी गई है: ## 1. एनसीपी (राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी) - महाराष्ट्र * कारण: शरद पवार के बाद पार्टी की कमान और विरासत को लेकर उनके भतीजे अजीत पवार और बेटी सुप्रिया सुले के बीच आंतरिक खींचतान शुरू हुई। * परिणाम: अजीत पवार ने बगावत कर पार्टी तोड़ दी और अधिकांश विधायकों के साथ सरकार में शामिल हो गए। चुनाव आयोग ने अजीत पवार गुट को ही असली 'NCP' और चुनाव चिन्ह आवंटित किया। * ## 2. शिवसेना - महाराष्ट्र * * कारण: बाल ठाकरे की विरासत को लेकर उनके बेटे उद्धव ठाकरे और भतीजे राज ठाकरे के बीच साल 2005-06 में गहरा विवाद हुआ। * परिणाम: राज ठाकरे ने पार्टी छोड़कर अपनी नई पार्टी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) बनाई। (इसके बाद 2022 में एक और बड़ी टूट हुई, जिसमें एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में पार्टी विभाजित हुई)। * ## 3. स...