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भला हो जिसमें देश का, वो काम सब किए चलो

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संगठन गढ़े चलो सुपंथ पर बढे चलो यह कविता हमारे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ परिवार की एक बार का  मासिक गान है । संगठन गढ़े चलो, सुपंथ पर बढ़े चलो । भला हो जिसमें देश का, वो काम सब किए चलो ॥ध्रु॥ युग के साथ मिल के सब कदम बढ़ाना सीख लो । एकता के स्वर में गीत गुनगुनाना सीख लो । भूल कर भी मुख में जाति-पंथ की न बात हो । भाषा-प्रांत के लिए कभी ना रक्तपात हो । फूट का भरा घड़ा है फोड़ कर बढ़े चलो ॥१॥ आ रही है आज चारों ओर से यही पुकार । हम करेंगे त्याग मातृभूमि के लिए अपार । कष्ट जो मिलेंगे मुस्कुरा के सब सहेंगे हम । देश के लिए सदा जिएंगे और मरेंगे हम । देश का ही भाग्य अपना भाग्य है ये सोच लो ॥२॥ संगठन गढ़े चलो, सुपंथ पर बढ़े चलो । भला हो जिसमें देश का, वो काम सब किये चलो ॥

आंकड़ों ने दर्शाया हिन्दुओं पर संकट

आंकड़ों ने दर्शाया हिन्दुओं पर संकट राजेन्द्र चड्ढा सात सितम्बर, 2004 को भारत के जनगणना आयुक्त ने जनगणना, 2001 के अन्तर्गत प्राप्त पंथों के आंकड़ों को सार्वजनिक किया। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि अहिन्दू मतावलंबियों की बढ़ती जनसंख्या और उनकी अत्यधिक जनसंख्या वृद्धि दर से देश में सामरिक, राजनीतिक और सामाजिक खतरा पैदा होने की आशंका हो गई है। इस पृष्ठभूमि में यह याद रखना आवश्यक है कि देश में जहां भी हिन्दू जनसंख्या में कमी आई है, उस क्षेत्र-विशेष में भारत से अलगाव बढ़ा है और प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से वहां विखंडन की प्रवृत्ति ने जोर पकड़ा है। पंथ पर आधारित जनगणना 2001 के आंकड़ों के अनुसार, देश की कुल जनसंख्या में 80.5 प्रतिशत हिन्दू, 13.4 प्रतिशत मुसलमान, 2.3 प्रतिशत ईसाई हैं। जबकि पिछली जनगणना में हिन्दू 82 प्रतिशत, मुसलमान 12.1 प्रतिशत और 2.3 प्रतिशत ईसाई थे। इन आंकड़ों को देखने पर पहली नजर में तो कोई बड़ा परिवर्तन दिखाई नहीं देता है पर अगर हम देश में विभिन्न मतावलंबियों की दशकीय जनसंख्या वृद्धि दर, प्रजनन दर जैसे विशुद्ध अकादमिक पहलुओं सहित मतांतरण और विदेशी घुसपैठ के संदर्भ में इन आंकड़ों

सेक्युलरिज्म हमारी रगों में है - नरेंद्र मोदी

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फारुख को मोदी का जवाब, सेक्युलरिज्म हमारी रगों में है ibnkhabar.com | Apr 28, 2014 http://khabar.ibnlive.in.com/news/119731/12 नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री फारुख अब्दुल्ला के बयान मोदी को वोट देने वाले को समुद्र में डूब जाना चाहिए, पर एनडीए के पीएम कंडीडेट नरेंद्र मोदी ने जमकर निशाना साधा है। मोदी ने एक टीवी चैनल को दिए अपने इंटरव्यू में कहा कि फारुख को सेक्युलरिज्म की बातें नहीं करनी चाहिए क्योंकि कश्मीर में सबसे पहले कम्यूनल का जहर उनके परिवार ने ही घोला था। मोदी ने कहा कि भारत सेक्युलर है, इसलिए नहीं क्योंकि हमारे संविधान में इस शब्द को रखा गया है। बल्कि इसलिए क्योंकि हजारों सालों से यह भारतीय संस्कृति का हिस्सा रहा है। मोदी ने कहा कि सेक्युलरिज्म केवल हमारे संविधान में ही नहीं बल्कि हमारी रगों में भी है। फारुख पर बरसते हुए मोदी ने आगे कहा कि बीजेपी को वोट देने वालों को दरिया में डुबाने की बात करने वाले फारुख, उनके पिताजी शेख अब्दुल्ला और बेटे उमर ने कश्मीर की राजनीति को सारी दुनिया में कौमी रंग देने का पाप किया है। मोदी ने कहा, कि अगर डूबना है तो किसको डूबना चाहिए जरा दर्पण म

दामाद जी की दौलत, दुनियाभर में चर्चा

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दामाद जी की दौलत, दुनियाभर में चर्चा अमरीकी पत्रिका वॉल स्ट्रीट जर्नल ने संप्रग अध्यक्ष सोनिया गांधी के दामाद राबर्ट वाड्रा पर देश में सोलहवीं लोकसभा के लिए जारी चुनावों के बीच शिकंजा कसते हुए असंख्य भूमि विवादों पर बड़े खुलासे किए हैं। वॉॅल स्ट्रीट जर्नल ने कई महीनों के गहन अध्ययन, विश्लेषण, अपनी रपटों के निष्कर्षों और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर राबर्ट वाड्रा को दुनियाभर के मीडिया के सम्मुख कटघरे में ला खड़ा किया है। इस संबंध में प्रकाशित रपट की शुरुआत ही इस वाक्य से हुई है कि दसवीं पास 44 वर्ष के वाड्रा अचानक 325 करोड़ से भी अधिक की सम्पत्ति के मालिक कैसे हो गए, जबकि 5 वर्ष पूर्व वाड्रा ने मात्र एक लाख रुपए के निवेश से यह व्यवसाय शुरू किया था। रपट ने राजस्थान में महेश नागर नामक व्यक्ति को वाड्रा के लिए और बाद में राहुल गांधी के लिए जमीनी सौदे करवाने की बात कही गई है। वाड्रा द्वारा किए गए जमीनों के ऐसे राजसी सौदे भारत में ही नहीं विदेशों में भी चर्चित हैं। कहीं से भी ऐसा प्रतीत नहीं हुआ कि गांधी परिवार का यह दामाद, जो मात्र कृत्रिम सस्ते गहनों का व्यवसाय करता था, रियल एस्टेट

याद करें वाड्रा पर केजरीवाल की पत्रकार वार्ता

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इन दिनों प्रियंका जी बहुत ज्यादा गुस्से मेन हैँ , उनकी पति ने बड़ी मुसकिल से तो कमाई की है और दूसरे दल उसे भष्टाचार बतानें मेँ  लगे हैँ ! प्रियंका गुस्सा करें या तूफां खडा करेँ , बड़ा सवाल है कि डीएलएफ़  ने उन्हें ही फायदा क्यों पहुचाया ? डीएलएफ़ का यह तरीका राजनैतिक रिश्बत के अतिरिक्त क्या है ! आश्चर्य यह है कि डीएलएफ़  पर अभी तक कार्यवाही क्यों नहीं हुई ! आज केजरीवाल भले ही चुप हो मगर ये आरोप उनके द्वारा भी  लगाये गये हैं !  याद करें वाड्रा पर केजरीवाल की पत्रकार वार्ता वाड्रा पर केजरीवाल के आरोप : किसने क्या कहा शनिवार, 6 अक्तूबर, 2012 http://www.bbc.co.uk/hindi/india/2012/10/121006_robert_vadra_arvind_kejriwal_ms.shtml जनलोकपाल के आंदोलन के रास्ते  राजनीति में कूदे अरविंद केजरीवाल और प्रशांत भूषण के सोनिया गाँधी के दामाद राबर्ट वाड्रा पर सैकड़ों करोड़ रुपए की रिश्वत लेने के क्लिक करें आरोपों ने राजनीतिक बयानबाज़ी तेज़ कर दी है. अरविंद केजरीवाल, प्रशांत भूषण और उनके पिता शांति भूषण ने शुक्रवार को दिल्ली में हुई एक पत्रकारवार्ता में कुछ दस्तावेज़ पेश करते हुए आरोप लगाया कि उत्

बनारस में ‘मोदी नाम केवलम्’ का चक्रवात

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‘मोदी नाम केवलम्’ का चक्रवात Apr 26 2014 ।।  डॉ बुद्धिनाथ मिश्र ।।  (वरिष्ठ साहित्यकार) इन दिनों कोयल के बोलने का मौसम है. कोई और साल होता, तो अप्रैल की सुबह केवल कोयल बोलते. मगर इस बार अप्रैल में कोयल और काग एक साथ बोल रहे हैं. एक कोयल पर बीस काग. लगभग यही अनुपात है. जो लोग सुबह तड़के जागने के अभ्यस्त हैं, उनके दिन का श्रीगणोश कोयल की मीठी बोली सुन कर होती है. उसके बाद शुरू हो जाता है, चुनाव का कौवारोर, जो सड़कों-गलियों से होते हुए टीवी चैनलों तक पहुंचता है. अखबारों में भी वही नेताओं का अनर्गल प्रलाप. स्थिति यहां तक आ गयी है कि प्रात: भ्रमण करने निकलिए, तो रास्ते में सड़कछाप प्रत्याशी लार टपकाते मिल जायेंगे. एक नवोदित पार्टी ने तो ईमानदार नेताओं की फौज ही खड़ी कर दी है. लोगों की शिकायत थी कि नेता बेईमान हो गये हैं, तो उसने सस्ती दर पर थोक के भाव में नेताओं का उत्पादन शुरू कर दिया. परिणाम यह हुआ कि गली-गली में नकली क्रांतिकारी पैदा हो गये हैं. मेरे मुहल्ले का एक असफल कवि, जो कविता से ज्यादा शराब का सेवक था, इस बार चुनाव में उठ खड़ा हुआ. मगर जब यथार्थ सामने आया, तो वीरतापूर्व

लूट के लिए नहीं होता है सरकारी धन : दिल्ली हाईकोर्ट

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लूट के लिए नहीं होता है सरकारी धन : हाईकोर्ट  Friday, April 25, 2014, नई दिल्ली : दिल्ली हाईकोर्ट ने आज केंद्र सरकार को निर्देश दिया कि वह उत्तर प्रदेश में अपनी राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना (आरएसबीवाई) के गलत इस्तेमाल के कारण करोड़ों रूपए के ‘दुरूपयोग’ को रोके। अदालत ने केंद्र को यह निर्देश देते हुए कहा कि ‘सरकारी धन लूट के लिए नहीं होता।’ न्यायमूर्ति मनमोहन ने केंद्र को यह चेतावनी भी दी कि 11 नवंबर को अगली सुनवाई की तारीख तक यदि दुरूपयोग पर लगाम नहीं लगाई गई तो स्वास्थ्य सचिव के खिलाफ अवमानना कार्यवाही शुरू की जाएगी। अदालत ने कहा, ‘आपकी (केंद्र सरकार की) योजना का गलत इस्तेमाल हो रहा है। आप अपनी आंखें मूंद कर नहीं रख सकते। धन की बर्बादी मत होने दीजिए। यदि आप इसे (योजना को) संभाल नहीं सकते तो वापस ले लीजिए।’ पीठ ने कहा, ‘करोड़ों रूपए गलत हाथों में जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश सरकार के सुझाव के मुताबिक केंद्र सरकार और बीमा कंपनियों को लीकेज रोकने के लिए कदम उठाने होंगे।’ न्यायमूर्ति मनमोहन ने कहा, ‘स्वास्थ्य सचिव को यह बता दीजिए। यदि सुनवाई की अगली तारीख तक दुरूपयोग बंद नहीं ह

कालेधन पर केंद्र की कांग्रेस सरकार को, सर्वोच्च न्यायालय ने फिर फटकारा

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कालेधन पर केंद्र को फिर फटकार Apr 24 2014 सर्वोच्च न्यायालय ने जर्मनी के लिचेंस्टीन बैंक में कालाधन जमा करनेवाले भारतीयों के नाम नहीं बताने पर केंद्र सरकार को फिर कड़ी फटकार लगायी है. न्यायालय ने चार जुलाई, 2011 के एक आदेश में सरकार को जर्मन सरकार से प्राप्त भारतीय खाताधारकों की सूची जमा कराने और इस मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल गठित करने का आदेश दिया था. इस आदेश का पालन नहीं होने को न्यायालय ने अदालत की अवमानना माना है और 29 अप्रैल को सूची जमा कराने का आदेश देते हुए यह भी बताने को कहा है कि सरकार को अदालती आदेश मानने में क्या अड़चनें हैं. तीन न्यायाधीशों- जस्टिस एचएल दत्तू, रंजना देसाई और मदन लोकुर- की खंडपीठ ने अब तक जांच दल का गठन नहीं हो पाने पर भी नाराजगी जतायी. सुनवाई की पिछली तारीख को भी अदालत ने इस महत्वपूर्ण मसले पर केंद्र की लापरवाही पर टिप्पणी की थी. देश में बीते कुछ सालों से भ्रष्टाचार व कालेधन  की वापसी के मसले राजनीतिक विमर्श और गतिविधियों के केंद्र में हैं, लेकिन कई वायदों व बयानों के बावजूद सरकारी स्तर पर किसी गंभीर कार्रवाई के कोई संकेत नहीं हैं. 2011

मां गंगा ने बुलाया है : नरेंद्र मोदी

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यहां मां गंगा ने बुलाया है :मोदी हिन्दुस्तान टीम 24-04-14 http://www.livehindustan.com बीजेपी के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी आज अपना नामांकन दाखिल करने वाराणसी पहुंचे हैं। काशी में मोदी ने कहा, 'मैं काशी को प्रणाम करता हूं, मेरे मन में विचार पहले यह विचार आया कि भाजपा ने मुझे यहां भेजा, फिर मैंने सोचा कि मैं काशी जा रहा हूं, पर अब मैं कहता हूं कि न मुझे भेजा गया और न ही मैं यहां आया, बल्कि मां गंगा ने मुझे यहां बुलाया। परमात्मा मुझे शक्ति दे कि मैं यहां के लोगों की सेवा करूं। मैं मां की गोद में वाराणसी में वापस आया हूं। उन्होंने कहा कि मैं शक्ति मिल के बुनकर भाइयों के लिये काम करूंगा। मां गंगा मुझे आर्शीवाद दें। उन्होंने कहा कि मैं यहां ऐसा काम करूंगा कि सारे विश्व में मां गंगा की और काशी की जय जयकार होगी।' नामांकन दाखिल करने से पहले मोदी ने सुरक्षा घेरे में पार्टी कार्यककर्ताओं और समर्थकों के हुजूम के साथ रोड शो किया। यह रोड शो नदेसर से कचहरी इलाके तक हुआ। गाड़ी पर सवार नरेंद्र मोदी को मलदहिया से जिला मुख्यालय के बीच लगभग ढाई किलोमीटर की दूरी पूरा कर

तेरा वैभव अमर रहे माँ, हम दिन चार रहें न रहे।

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ध्येय साधना अमर रहे। ध्येय साधना अमर रहे। अखिल जगत को पावन करती त्रस्त उरों में आशा भरती भारतीय सभ्यता सिखाती गंगा की चिर धार बहे। इससे प्रेरित होकर जन-जन करे निछावर निज तन-मन-धन पाले देशभक्ति का प्रिय प्रण अडिग लाख आघात सहे। भीती न हमको छू पाये स्वार्थ लालसा नहीं सताये शुद्ध ह्नदय ले बढते जायें धन्य-धन्य जग आप कहे। जीवन पुष्प चढा चरणों पर माँगे मातृभूमि से यह वर तेरा वैभव अमर रहे माँ। हम दिन चार रहें न रहे। ------------- English :- dhyeya sādhanā amara rahe | dhyeya sādhanā amara rahe | akhila jagata ko pāvana karatī trasta uroṁ meṁ āśā bharatī bhāratīya sabhyatā sikhātī gaṁgā kī cira dhāra bahe | isase prerita hokara jana-jana kare nichāvara nija tana-mana-dhana pāle deśabhakti kā priya praṇa aḍiga lākha āghāta sahe | bhītī na hamako chū pāye svārtha lālasā nahīṁ satāye śuddha hnadaya le baḍhate jāyeṁ dhanya-dhanya jaga āpa kahe| jīvana puṣpa caḍhā caraṇoṁ para māge mātṛbhūmi se yaha vara terā vaibhava amara rahe mā | hama dina c

नरेंद्र मोदी के इंटरव्यू की प्रमुख बातें

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नई दिल्ली: एबीपी न्यूज़ के लोकप्रिया कार्यक्रम घोषणापत्र में बीजेपी के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने गुजरात के 2002 दंगों, कश्मीर का हल, संघ और संविधान के टकराव, अपनी प्लानिंग के साथ ही अपनी निजी ज़िंदगी से जुड़े सवाल के जवाब दिए.   http://abpnews.abplive.in आइए जानते हैं कि मोदी के इंटरव्यू की बड़ी-बड़ी बातें: 1. संघ नही संविधान सवाल: अभी राजीव ने सवाल पूछा आरएसएस के बारे में आपका बचपन से जुड़ाव है आरएसएस के साथ, जाहिर है आपकी सोच पर, आपके जो क्रिया कलाप हैं उसपर आरएसएस की छाप होगी. अगर आप प्रधानमंत्री बनते हैं तो प्रधानमंत्री की हैसियत से आप जो करेंगे आप जो सोचेगें, उस पर भी संघ की छाप होगी क्या? नरेंद्र मोदी: पहली बात है मुझे सरकार चलानी है, सरकार चलती है संविधान के तहत और मैं मानता हूं सरकार का एक ही रिलीजन होता है, इंडिया फर्स्ट. सरकार की एक ही होली बुक होती है अवर कॉन्सटीट्यूशन, सरकार की एक ही भक्ति होती है, भारत भक्ति, सरकार की एक ही कार्यशैली होती है, सबका साथ सबका विकास. 2. गुजरात दंगों की नैतिक जिम्मेदारी पर नरेंद्र मोदी: डे वन से ली है. मेरे विधानसभा

अब एक मजबूत राष्ट्र बनाने का समय है - नरेंद्र मोदी

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भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने बुधवार को प्रियंका गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनका 'परिवार पिछले 60 से मजबूत होता जा रहा है' और अब एक मजबूत राष्ट्र बनाने का समय है। नरेंद्र मोदी ने साधा प्रियंका गांधी वाड्रा पर निशाना, कहा, 60 साल में सिर्फ गांधी परिवार मजबूत हुआ अप्रैल 23, 2014 http://khabar.ndtv.com कलोल (गुजरात): भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने बुधवार को प्रियंका गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनका 'परिवार पिछले 60 से मजबूत होता जा रहा है' और अब एक मजबूत राष्ट्र बनाने का समय है। मोदी ने यह हमला ऐसे समय में बोला है कि जब कल ही प्रियंका ने कहा था कि उनके पति रॉबर्ट वाड्रा पर किए जा रहे 'राजनीतिक' हमले से लड़कर वह और भी मजबूत होकर उभरेंगी। गुजरात के गांधीनगर जिले के कलोल कस्बे में एक रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, 'आप कहते हैं कि हम मजबूत बनेंगे, आप (गांधी परिवार) तो पिछले 10 साल से मजबूत होते जा रहे हैं।' किसी का नाम लिए बगैर मोदी ने कहा, 'पर आज मुद्दा यह है कि देश को कैसे मजबूत

माँ त्रिपुरा सुंदरी के धाम : "निष्प्राण में फूंके प्राण, पीड़ितों का करे परित्राण "

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"निष्प्राण में फूंके प्राण, पीड़ितों का करे परित्राण " माँ त्रिपुरा सुंदरी के धाम - राजस्थान में बांसवाड़ा से लगभग १४ किलोमीटर दूर तलवाड़ा ग्राम से मात्र ५ किलोमीटर की दूरी पर ऊंची रौल श्रृखलाओं के नीचे सघन हरियाली की गोद में उमराई के छोटे से ग्राम में माताबाढ़ी में प्रतिष्ठित है मां त्रिपुरा सुंदरी। कहा जाता है कि मंदिर के आस-पास पहले कभी तीन दुर्ग थे। शक्तिपुरी, शिवपुरी तथा विष्णुपुरी नामक इन तीन पुरियों में स्थित होने के कारण देवी का नाम त्रिपुरा सुन्दरी पड़ा। - यह स्थान कितना प्राचीन है प्रमाणित नहीं है। वैसे देवी मां की पीठ का अस्तित्व यहां तीसरी शती से पूर्व का माना गया है। गुजरात, मालवा और मारवाड़ के शासक त्रिपुरा सुन्दरी के उपासक थे। गुजरात के सोलंकी राजा सिद्धराज जयसिंह की यह इष्ट देवी रही। ख्याति लब्ध भूपातियों की इस इष्ट देवी परम्परा को बाबूजी स्व. हरिदेव जोशी प्रणीत उसी परम्परा के संरक्षण को बीड़ा अब वसुन्धरा राजे सिन्धिया ने उठाया है। मां की उपासना के बाद ही वे युद्ध प्रयाण करते थे। - कहा जाता है कि मालव नरेश जगदेश परमार ने तो मां के श्री चरणों में अपन

यूपीए सरकार की विदाई का वक्त: नरेंद्र मोदी

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अब है यूपीए सरकार की विदाई का वक्त: नरेंद्र मोदी कटिहार, ज्योति प्रकाश वर्मा 19-04-14 भाजपा के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने कहा कि अब तक देश की 232 सीटों पर हुए चुनाव में जनता ने केंद्र की यूपीए सरकार की विदाई पर मुहर लगा दी है। अब तक के रुझान से स्पष्ट है कि देश की जनता को मां (सोनिया)-बेटे(राहुल) की सरकार से मुक्ति मिल गई है। बाकी बचे चुनाव में आप सब की जिम्मेदारी है कि एक मजबूत सरकार का गठन करें। वहीं नरेन्द्र मोदी ने कहा कि भाजपा ने अपने घोषणापत्र में बिहार पर विशेष ध्यान रखा है। श्री मोदी शनिवार को कटिहार के डीएस कॉलेज मैदान में भाजपा प्रत्याशी निखिल कुमार चौधरी के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे। लगभग 21 मिनट के संबोधन में वह कांग्रेस के खिलाफ जितना आक्रामक दिखे उतना ही परोक्ष रूप से बिहार की नीतीश सरकार पर भी निशाना साधा। निर्धारित समय से लगभग डेढ़ घंटा विलंब से शाम 4.27 बजे नरेंद्र मोदी का हेलीकॉप्टर कटिहार में उतरा। वह सीधे मंच पर आ गए और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष मंगल पांडेय ने उन्हें संबोधन के लिए आमंत्रित किया। डीएस कॉलेज मैदान में जुटी भीड़ और महिला

एके 47 राइफल : कांग्रेस के वाराणसी उम्मीदवार अजय राय

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कांग्रेस के घोषित उम्मीदवार की असलियत और यह भी की कांग्रेस किस स्टार तक आतंकवादी प्रेमी है ------ एके 47 राइफल मामले में घिरे , कांग्रेस के घोषित उम्मीदवार अजय राय Saturday,Apr 19,2014 http://www.jagran.com/loksabha-chunaav नई दिल्ली [जागरण न्यूज नेटवर्क]। वाराणसी में नरेंद्र मोदी के खिलाफ कांग्रेस के घोषित उम्मीदवार विधायक अजय राय के बिहार के बाहुबली नेताओं से नजदीकी रिश्ते रहे हैं। कश्मीर से आई हथियारों की खेप में से चार एके 47 राइफल उन्होंने प्राप्त भी की थीं। यह बात बिहार पुलिस के रिकॉर्ड में है। इतना ही नहीं बिहार के डीजीपी के रूप में डीपी ओझा ने प्रदेश के गृह विभाग को दी रिपोर्ट में बिहार के बाहुबली पूर्व सांसद शहाबुद्दीन और अजय राय के रिश्ते कश्मीरी आतंकियों से लेकर दाउद इब्राहिम तक बताए थे। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव व उप्र प्रभारी अमित शाह ने एके 47 राइफलों के मामले में शनिवार को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से जवाब मांगा है। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी से जुड़े इस मामले की जांच की मांग की है। लखनऊ में भाजपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में अमित शाह ने

वाड्रा ने एक लाख से बनाए 325 करोड़ः द वॉल स्ट्रीट जनरल

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रॉबर्ट वाड्रा ने एक लाख से बनाए 325 करोड़ः द वॉल स्ट्रीट जनरल एजेंसियां | Apr 18, 2014,नई दिल्ली ! http://navbharattimes.indiatimes.com उम्र 44 साल और बस हाईस्कूल पास रॉबर्ट वाड्रा ने महज पांच साल के भीतर एक लाख रुपए के निवेश से 325 करोड़ से अधिक की संपत्ति बनाई है। देश के सबसे ताकतवर राजनीतिक घराने यानी गांधी परिवार के दामाद, प्रियंका गांधी के पति रॉबर्ट वाड्रा के बारे में ये सनसनीखेज खुलासे द वॉल स्ट्रीट जर्नल ने किए हैं। द वॉल स्ट्रीट जर्नल एक प्रतिष्ठित अमेरिकी अखबार है। इस रिपोर्ट में प्रॉपर्टी के जानकारों से बातचीत, वाड्रा की कंपनियों की फाइलिंग और जमीन के दस्तावेजों के आधार पर वाड्रा की संपत्ति का यह आकलन किया है। वेबसाइट में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार वाड्रा ने 2007 में एक लाख रुपए से शुरू की गई कंपनी से 2012 में 12 मिलियन डॉलर यानी करीब 72 करोड़ रुपए से ज्यादा की प्रॉपर्टी बेची है। रिपोर्ट का दावा है कि वाड्रा के पास अभी भी 42 मिलियन डॉलर यानी 253 करोड़ रुपए से ज्यादा की रियल एस्टेट प्रॉपर्टी बची हुई है। साफ है, रिपोर्ट के दावों को मानें तो रॉबर्ट वाड्रा ने महज एक

सोनिया, राहुल के खून में फासीवाद: भाजपा प्रवक्ता मीनाक्षी लेखी

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सोनिया और राहुल के खून में फासीवाद: भाजपा प्रवक्ता मीनाक्षी लेखी ज़ी मीडिया ब्यूरो http://zeenews.india.com/hindi/news/lok-sabha-elections-2014/sonia-and-rahul-have-fascism-in-their-blood/207303 नई दिल्ली : भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी को बार-बार हिटलर कहे जाने पर भाजपा प्रवक्ता मीनाक्षी लेखी ने कांग्रेस पर जबरदस्त पलटवार किया है। लेखी ने कहा कि सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खून में फासीवाद है। गांधी परिवार पर जवाबी हमले में लेखी ने कहा, `फासीवाद सोनिया और राहुल गांधी के खून में है। सोनिया गांधी के पिता स्टेफनो मेनो द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान पूर्वी मोर्चे पर हिटलर का साथ देते हुए सोवियत सेना के खिलाफ लड़े थे। सोनिया के पिता मुसोलिनी और इटली की नेशनल फासिस्ट पार्टी के कट्टर समर्थक थे। मुझे नहीं पता कि वो लोग किस आधार पर नरेंद्र मोदी को हिटलर कह रहे हैं।` लेखी का यह जवाबी हमला कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी के उस बयान के बाद आया है जिसमें उन्होंने नरेंद्र मोदी की तुलना हिटलर, मुसोलिनी, ईदी अमीन और जिया उल हक से की थी। सिंघवी ने मोदी पर तीखा

‘महानायक’ और मध्यवर्ग

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ये विचार एक वरिष्ठ पत्रकार के हैं , मेरी मान्यता हे की देश में कांग्रेस के वर्त्तमान वहिष्कार का कारण आसमान को भी पार कर गई मंहगाई ही है ।   ==== अज्ञान का आनंदलोक और मध्यवर्ग Apr 15 2014  , ।। उर्मिलेश ।। वरिष्ठ पत्रकार http://www.prabhatkhabar.com/news/106775-Ignorance-Anandalok-middle-class-Modi.html नये मध्य वर्ग के सरोकार बिल्कुल सीमित हैं. आज यही ‘खुशहाल’ वर्ग ‘मनमोहन-सोनिया-राहुल एंड कंपनी’ को छोड़ कर मोदी के यशोगान में जुटा है. कुछ समय के लिए इस वर्ग के एक हिस्से ने दिल्ली में अन्ना-केजरी के अभियान का साथ दिया था. अब तक के चुनाव प्रचार से जो तसवीर उभरी है, उसमें एक बात साफ झलक रही है, कि हिंदी पट्टी में सवर्ण-मध्यवर्ग के बड़े हिस्से, खासकर युवा-अधेड़ ने नरेंद्र मोदी को अपना ‘महानायक’ मान लिया है. उसे अपने महानायक की आलोचना बर्दाश्त नहीं. मोदी की कॉरपोरेट-पक्षी आर्थिक नीति, सांप्रदायिक सोच या ‘एक्सक्लूजन’ बढ़ानेवाले गवर्नेस मॉडल में इस वर्ग को कुछ भी खराबी नहीं दिखती. इस वर्ग ने मान लिया है कि सत्ता में उसके महानायक के आते ही देश की सारी समस्याएं फुर्र हो जायेंगी

मोदी के नेतृत्व में अगली सरकार : सर्वे

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एनडीए बनाएगी सरकार, बहुमत के बन रहे आसार: सर्वेक्षण नई दिल्ली, लाइव हिन्दुस्तान टीम 15-04-2014 चुनाव प्रक्रिया के बीच एनडीटीवी-हंसा रिसर्च ग्रुप की ओर से किए गए एक जनमत सर्वेक्षण के अनुसार भाजपा को अपने सहयोगी दलों के साथ 275 सीटें मिल सकती हैं। सरकार बनाने के लिए 272 सीटों की जरूरत होती है। भाजपा को अपने बलबूते 226 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है। भाजपा को इतनी सीटें पहले कभी नहीं मिलीं। भाजपा की तुलना में कांग्रेस के खाते में केवल 92 सीटें दिखाई गई हैं। वह सहयोगी दलों के साथ 111 सीटों तक ही पहुंचती दिख रही है। अगर चुनाव नतीजे इस अनुमान के मुताबिक ही आए तो यह कांग्रेस की सबसे करारी हार होगी। कांग्रेस को इसके पहले सबसे कम 114 सीटें 1999 में मिली थीं। यह जनमत सर्वेक्षण अप्रैल के पहले सप्ताह में किया गया। अभी मतदान के पांच चरण बाकी हैं। एनडीटीवी की ओर से मार्च में किए गए सर्वेक्षण में भाजपा और सहयोगी दलों को 259 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया था। ताजा सर्वे में भाजपा की बढ़त का कारण उत्तर प्रदेश की 80 में से 51, महाराष्ट्र की 48 में से 37 और बिहार की 40 में से 24 सीटें मिल

भगवान श्रीराम का जन्म : रामनवमी

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गोस्वामी तुलसीदास के रामचरितमानस के अनुसार चैत्र शुक्ल की नवमी तिथि तथा पुनर्वसु नक्षत्र के चतुर्थ चरण एवं कर्क लग्न में भगवान श्रीराम का जन्म हुआ। ऐसी मान्यता है कि भगवान राम का नाम लेने मात्र से सभी समस्याओं का निदान संभव है। यदि नित्य राम स्तोत्र का पाठ किया जाए तो ऐसी कोई मनोकामना नहीं जिसे भगवान राम पूरी नहीं करते। राम स्त्रोत भगवान राम की उपासना करने बहुत ही सरल व सहज माध्यम है, चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी को प्रभु श्रीराम का जन्म हुआ था। इस दिन जो व्यक्ति सच्चे मन से भगवान राम का स्मरण व पूजा-पाठ करता है उसकी सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। इस दिन यदि भगवान श्रीराम को राशि के अनुसार भोग लगाया जाए तो वे बहुत प्रसन्न होते हैं और भक्त के सभी कष्टों का तुरंत निवारण कर देते हैं

भाजपा के घोषणापत्र में विकास आगे

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बीजेपी ने जारी किया चुनाव 2014 का घोषणा पत्र; 'ब्रांड इंडिया' तैयार करने का वादा, राम मंदिर मुद्दा भी शामिल भाजपा के घोषणापत्र में राम मंदिर पीछे, विकास आगे Mon, 07 Apr 2014 http://www.jagran.com/news/national-bjp-releases-manifesto-for-ls-polls-11216038.html नई दिल्ली, आशुतोष झा। आम चुनाव के लिए आखिरी समय में भाजपा ने घोषणापत्र जारी कर दिया। इसमें फोकस इरादा और भरोसा पर रहा और मुद्दा विकास। दरअसल घोषणापत्र में ऐसा कुछ नहीं था, जो पिछले पांच-छह महीनों में भाजपा के प्रधानमंत्री उम्मीदवार नरेंद्र मोदी रैलियों में न बोल चुके हों। पहले चरण के मतदान के साथ ही मोदी ने यह विश्वास दिलाया कि वह व्यक्तिगत रूप से अपने लिए कुछ भी नहीं करेंगे और न ही उनकी सरकार 'बद इरादे' से कुछ करेगी। पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने भरोसा दिलाया कि सरकार बनी तो घोषणापत्र का हर वादा पूरा होगा। संभवत: यही कारण है कि घोषणापत्र में पार्टी ने राम मंदिर जैसे कोर मुद्दे को पीछे छोड़ दिया, जिसे वह पहली सरकार में भी पूरा नहीं कर सकी थी। पार्टी ने इसे सांस्कृतिक विषय करार देते हुए एक पन्ने में निप