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मंत्री मदेरणा की मुक्ति में विलम्ब क्यों....?

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- अरविन्द सिसोदिया  आज तक के चैनल ” तेज “ पर सूचना आ रही है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने , जल संशाधन मंत्री महीपाल मदेरणा से भंवरी गुमसुदगी प्रकरण के चलते पद से इस्तीफा मांगा है...नैतिकता तो यह कहती है कि जिस दिन श्री मदेरणा का नाम आया था तभी उन्हे इस्तीफा देकर निष्पक्ष जांच की बात कहनी चाहिये थी। और राजधर्म यह कहता है कि जानकारी आते ही एक दो दिन की फोरी जांच के बाद स्वंय मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को मंत्रीमण्डल से उन्हे मुक्त कर देना चाहिये था। मुख्यमंत्री और मंत्री दोनों ही जांच प्रभावित करने के दोषी तो हैं ही ...,अब डेढ माह बाद....पूरे मामले के सबूत मिटवा कर.... गहलोत उन्हे मंत्री पद से हटातें हैं तो भी अर्थहीन है और वे अब हटते भी है तो अपना काम तो वे पूरी सफाई से कर ही चुके.....!!!! अब जेल में भी जाना पडे और वहां आराम करने का मौका मिले तो क्या हर्ज .... --- भंवरी देवी के मामले में : मंत्री महिपाल मदेरणा को मंत्रिमंडल से हटाया जा सकता .. जयपुर। राजस्थान के जोधपुर जिले के बिलाड़ा कस्बे की नर्स भंवरी देवी के लापता होने के मामले में फंसे जन स्वास्थ्य अभियात्रिकी मंत्री महिपाल मदेरणा