पोस्ट

दिसंबर 20, 2011 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

जीवन चलने का नाम : हिम्मत देने वाला गीत

इमेज
.......शरीर का जीवन...उससे अलग हे आत्मा का अनेकानेक शरीरों में जन्मना,  एक कभी भी ना ख़तम होने वाली यात्रा है और  इस एक लाइन को गुनगुनाते हुए जीवन पाठ पर चलने मे यकीन रखते है... पर हिम्मत देने वाला एक अति सुन्दर गीत: फिल्म होनी चाहिए :- शौर मनोज कुमार , जया भादुड़ी और प्रेम नाथ  आवाज ;- मन्नाडे और महेंद्र कपूर  जीवन चलने का नाम चलते रहो सुबहो शाम जीवन चलने का नाम चलते रहो सुबहो शाम के रस्ता कट जाएगा मितरा के बादल छट जाएगा मितरा के दुख से झुकना ना मितरा के इक पल रुकना ना मितरा होए! जीवन चलने का नाम ---- जो जीवन से हार मानता उसकी हो गई छुट्टी नाक चढ़ा कर कहे ज़िन्दगी तेरी मेरी हो गए कुट्टी के रूठा यार मना मितरा के यार को यार बना मितरा न खुद से रहो खफा मितरा खुदी से बने खुदा मितरा ------ ओSSS उजली उजली भोर सुनाती तुतले तुतले बोल उजली उजली भोर सुनाती तुतले तुतले बोल अन्धकार मे सूरज बैठा अपनी गठड़ी खोल के उससे आँख लड़ा मितरा समय से आस मिला मितरा के होजा किरन किरन मितरा के चलता रहे चरन मितरा ----- के चली शाम के रंग महल में तपती हुई दुपहरी मिली गगन से साँ

रूस में गीता पर पाबंदी : चौतरफा विरोध

इमेज
- अरविन्द सिसोदिया  रूस की कुंठित मानसिकता सामने आई..... किसी दुसरे पंथ या धर्म के विचारों तक को नहीं सुनना और उन पर प्रतिबंध लगाना संकुचित मानसिकता का परिचायक हे | यूँ तो साम्यवाद पूरी तरह से गिर चूका हे , चीन और रूस में नाम मात्र का साम्यवाद हे जो सिर्फ सत्ता तक ही सीमित हे... अन्यथा अब चीन में तेजी से मस्जिदें और रूस में तेजी से गिरजा घरों का विस्तार हुआ हे ....यह खुला पन इस लिए भी जरुरी हो गया की इससे जनता एनी कार्यों में व्यस्त रहे और विद्रोह न हो पाए...कुल मिला कर मानसिक आपूर्ति के रूपमें आस्था की आवश्यकता को स्वीकारोक्ति स्वीकार हो रही हे..इस तरह की स्थिति में गीता को बदनें से रोकनें के लिए यह कदम उठाया जा रहा हे....  पहले अमरीका में रजनीश ( ओशो) को परेशान कर जानें पर मजबूर किया था..., अब रूस में कृष्ण भक्ती के लिये प्रसिद्ध इस्कान मंदिरों पर कुठाराघात करने हेतु श्रीमद भगवद गीता पर प्रतिबंध की बात सामने आ रही है। वहां भगवद गीता को उग्रवादी साहित्य बता कर प्रतिबंध की योजना है। यह हिन्दुओं के धार्मिक अधिकार को बाधित करने का कुप्रयत्न निंदनीय है और विश्व बंधुत्व विरोधी ह